ऑडियोलॉजिस्ट कैसे बने ( how to become Audiologist)
'ऑडियोलॉजिस्ट' आमतौर पर कान या सुनाई देने संबंधी विकारों से ग्रसित रोगियों के लिए काम करते हैं। कान से संबंधित समस्याओं को हल करने के लिए इनकी मांग बढ़ रही है।
क्या है ऑडियोलॉजी?
ऑडियोलॉजी सुनने की क्षमता, संतुलन और उससे संबंधित विकारों का विज्ञान है। ऑडियोलॉजी दो शब्दों से मिलकर बना है। ऑडियोलॉजी में 'ऑडियो' का अर्थ है 'सुनना' और 'लॉजी' का अर्थ है 'अध्ययन'। संक्षेप में, ऑडियोलॉजी सुनने की क्षमता का अध्ययन है। इसमें आंतरिक कान के सुनने संबंधी संतुलन का अध्ययन भी शामिल है। मेडिकल टर्म में सुनने की क्षमता, संतुलन और उसके संबंधित विकारों के अध्ययन के लिए समर्पित विज्ञान की शाखा को 'ऑडियोलॉजी' कहते हैं।
ऑडियोलॉजी मेडिकल साइंस और तकनीक का मिला-जुला निष्कर्ष है, जिसकी सहायता से लोगों में सुनने संबंधी विकारों को दूर किया जाता है। जो लोग ऑडियोलॉजी की पढ़ाई करते हैं, उन्हें 'ऑडियोलॉजिस्ट' कहा जाता है।
एक ऑडियोलॉजिस्ट सुनने संबंधी विकारों को कम समय में दूर करने के संबंध में जवाबदेह होता है। ऑडियोलॉजिस्ट मान्यताप्राप्त संस्थानों या विश्वविद्यालयों से डिग्री या डिप्लोमा प्राप्त करते हैं। नवजात शिशुओं से लेकर बुजुर्ग लोगों तक की देखभाल के लिए उन्हें प्रशिक्षित किया जाता है।
आज के समय में अधिकतर लोग कान से संबंधित समस्याओं से जूझ रहे हैं, जिन्हें हल करने के लिए व्यापक स्तर पर ऑडियोलॉजिस्ट की आवश्यकता है। वे अपने रोगियों को व्यक्तिगत समाधान प्रदान करने के अलावा, इन दोनों क्षेत्रों की टीम के साथ भी काम करते हैं।
शैक्षणिक योग्यता ( Education for being an Audiologist)
व्यक्तिगत गुण
प्रमुख शिक्षण संस्थान
- ऑल इंडिया इंस्टीट्यूट ऑफ स्पीच एंड हियरिंग, मैसूर (www.aiishmysore.com)
- डॉ. एस. आर. चंद्रशेखर इंस्टीट्यूट ऑफ स्पीच एंड हियरिंग, बंगलुरू (www.speechear.org)
- एम.ई.आर.एफ. इंस्टीट्यूट ऑफ स्पीच एंड हियरिंग, चेन्नई (www.merfish.org)
- अली यावर जंग नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ स्पीच एंड हियरिंग डिसेबिलिटीज, नोएडा, मुंबई, कोलकाता (www.ayjnihh.nic.in)
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